दिल्ली/रायपुर : छत्तीसगढ़ विधानसभा में कांग्रेस द्वारा लाए गए अविश्वास प्रस्ताव के ख़ारिज होते ही,सदन की कार्यवाही अनिश्चित काल के लिए स्थगित कर दी गई है|इसके साथ ही,कांग्रेस के नेताओं और तत्कालीन मुख्यमंत्री समेत अन्य मंत्रियों के खिलाफ FIR दर्ज़ कराने को लेकर राजनैतिक गलियारा गरमाया हुआ है|सत्ताधारी दल द्वारा अविश्वास प्रस्ताव के खिलाफ सदन में घोटालों और भ्रष्टाचार की लंबी फेहरिस्त पेश किए जाने का मामला सुर्ख़ियों में है |
इस मुद्दे पर 15 घंटे से अधिक समय तक बहस के बाद सवाल उठ रहा है,कि मुख्यमंत्री के पद के जरिए लूटमार करने वाले गिरोह पर कार्यवाही होगी ? जनधन की खुली लूट के मामले में क्या पूर्व मुख्यमंत्री बघेल पर दर्ज होगी FIR ? कांग्रेस की ”भू-PAY” सरकार के 5 वर्षीय पापों का लेखा-जोखा छत्तीसगढ़ विधानसभा में पेश होते ही,विपक्ष की नींद उड़ गई है |
यह भी पढ़े : क्या बघेल पर होने वाला है बड़ा एक्शन ? गिरफ्तारी से बचने की नई सियासी चाल सुर्ख़ियों में,पूर्व मुख्यमंत्री की ‘उड़ी नींद’…
छत्तीसगढ़ विधानसभा में शुक्रवार और शनिवार की दरमियानी रात कांग्रेस की पूर्ववर्ती ”भू-PAY” सरकार के 5 वर्षीय पापों का ऐसा घड़ा फूटा,कि विपक्षी विधायक पूरे समय बगले झांकते रहे| सदन के भीतर कांग्रेस के पापों की गिनती चुन-चुन कर हो रही थी | जबकि,सदन के बाहर ऐसी गंभीर मामलों