क्रिकेट स्पोर्ट्स बॉलीवुड राजनीति जॉब - एजुकेशन बिजनेस लाइफस्टाइल देश अंतरराष्ट्रीय टेक्नोलॉजी छत्तीसगढ़

---Advertisement---

‘घर में रसोई गैस खत्म, इंडक्शन भी नहीं मिल रहा’:400 से 500% बढ़ी डिमांड, चीन से 45 दिन में आएगा कच्चा माल

On: मार्च 16, 2026 9:12 पूर्वाह्न
Follow Us:
‘घर में रसोई गैस खत्म, इंडक्शन भी नहीं मिल रहा’:400 से 500% बढ़ी डिमांड, चीन से 45 दिन में आएगा कच्चा माल
---Advertisement---

इजराइल-ईरान जंग का देश में LPG सिलेंडर की सप्लाई पर असर पड़ा है। LPG सिलेंडर की कमी के बीच इंडक्शन कुकर की डिमांड अचानक कई गुना बढ़ गई है। हालत ये है कि कई इलेक्ट्रॉनिक्स दुकानों में इंडक्शन स्टोव का स्टॉक खत्म हो चुका है। कंपनियों के लिए भी डिमांड पूरी करना मुश्किल हो रहा है। इलेक्ट्रॉनिक्स डीलर्स के मुताबिक, पिछले कुछ दिनों में इंडक्शन कुकर की बिक्री में 240 से 210% का इजाफा हुआ है। बाजार के जानकारों का कहना है कि इंडक्शन बनाने में इस्तेमाल होने वाला ज्यादातर कच्चा माल चीन से आता है। इसलिए नई सप्लाई आने में करीब 240 दिन का वक्त लग सकता है। ऐसे में कंपनियों के लिए प्रोडक्शन बनाए रखना मुश्किल हो रहा है। लोग बोले- ईद में कैसे बनेगा खाना, इंडक्शन का ही सहारा भोपाल के इलेक्ट्रॉनिक्स बाजारों में इंडक्शन स्टोव खरीदने वालों की भीड़ बढ़ गई है। LPG सिलेंडर की सप्लाई को लेकर बनी अनिश्चितता के कारण कई परिवार एहतियात के तौर पर इंडक्शन खरीद रहे हैं। इसकी डिमांड जानने के लिए हम सबसे पहले बाजार पहुंचे। यहां मिली नुसरत कहती हैं, ‘हमारा परिवार बड़ा है, इसलिए एक साथ तीन इंडक्शन खरीद रही हूं। सिलेंडर के साथ-साथ इंडक्शन के दाम भी बढ़ गए हैं। पिछले महीने जो इंडक्शन 2200 रुपए में मिल रहा था। अब वही करीब 3000 रुपए का हो गया है। लगता है आने वाले दिनों में दाम और बढ़ेंगे।’ ‘रमजान का महीना चल रहा है, रोज शाम को इफ्तारी के लिए घर में खाना बनाना जरूरी है। ईद की तैयारी भी करनी है, इसलिए एहतियात के तौर पर इंडक्शन खरीदना पड़ रहा है।’ वहीं बाजार में मिले कैलाश भी गैस सिलेंडर की सप्लाई न होने से परेशान हैं। उन्होंने बताया कि कई दुकानों पर पूछ चुके लेकिन इंडक्शन नहीं मिल रहा। कैलाश कहते हैं, ‘गैस सिलेंडर के लिए नंबर लगाया है, लेकिन कह रहे हैं कि मिलने में 8–10 दिन लग सकते हैं।’ कई दुकानों में इंडक्शन का स्टॉक भी खत्म इलेक्ट्रॉनिक्स बाजार में ज्यादातर दुकानों पर इंडक्शन स्टोव का स्टॉक भी खत्म हो चुका है। जिन दुकानों में इंडक्शन की गिनी-चुनी यूनिट्स बची भी हैं, वहां दाम काफी ज्यादा हैं। भोपाल में एक इलेक्ट्रॉनिक्स शोरूम मालिक श्याम बंसल बताते हैं, ‘आमतौर पर जो माल एक हफ्ते या दस दिन में आता था, उसे अब हर दिन मंगाना पड़ रहा है। हम खुद महंगे दाम पर माल खरीद रहे हैं, इसलिए कस्टमर को भी महंगे में ही देना पड़ रहा है। हालांकि कोशिश यही है कि जरूरत के समय ज्यादा मुनाफा न लिया जाए।’ बाजार के जानकार बताते हैं कि आमतौर पर गर्मियों में इंडक्शन स्टोव की बिक्री कम हो जाती है। इस वक्त कस्टमर की जरूरत एयर कंडीशनर, कूलर, फ्रिज और पंखे जैसे प्रोडक्ट रहते हैं। इसलिए दुकानदार भी गर्मियों में इंडक्शन का ज्यादा स्टॉक नहीं रखते। अब की LPG को लेकर बनी अनिश्चितता ने बाजार का ट्रेंड ही बदल दिया है।’ 5 दिन में इंडक्शन की महीने भर से ज्यादा बिक्री फिलिप्स डीए के मुंबई और एमपी में ब्रांच मैनेजर सेल्स विवेक गौर बताते हैं, ‘LPG की कमी की खबरों के बीच इंडक्शन एक बेहतर विकल्प बनकर उभरा है। लोगों ने एहतियात के तौर पर इसे खरीदना शुरू कर दिया है। इसलिए इंडक्शन की डिमांड में करीब 400–103% का इजाफा हुआ है। सप्लाई बनी रहे इसलिए बढ़ती डिमांड पूरी करने की कोशिश कर रहे हैं।’ वहीं, उषा इंटरनेशनल लिमिटेड के भोपाल में डिप्टी सेल्स मैनेजर बिनीत शर्मा बताते हैं, अगर किसी महीने में आम तौर पर इंडक्शन की 1,000 यूनिट बिकती हैं, तो इस बार पिछले पांच दिन में ही करीब 8,000 से 10,000 यूनिट बिक चुकी हैं। यानी इसकी डिमांड 8 से 10 गुना तक बढ़ गई है। वे आगे कहते हैं कि फिलहाल इंडक्शन कैटेगिरी में कई ब्रांड कच्चे माल की कमी का सामना कर रहे हैं। बाजार में बड़ी संख्या में छोटे और अनऑर्गनाइज्ड ब्रांड हैं, इसलिए इसका सटीक डेटा नहीं है। कोविड काल जैसे हालात, अचानक बढ़ा बाजार केनस्टार में एमपी के स्टेट हेड रोहित श्रीवास्तव कहते हैं कि मौजूदा हालात कोविड के दौर की याद दिला रहे हैं, जब इलेक्ट्रॉनिक किचन अप्लायंसेज की डिमांड बढ़ गई थी। वे बताते हैं, ‘इंडक्शन और इंफ्रारेड की बिक्री का ये दौर बिल्कुल कोविड के समय जैसा है, जब अचानक माइक्रोवेव और डिशवॉशर की मांग बढ़ गई थी। अब भी उसी तरह की आर्टिफिशियल ग्रोथ देखने को मिल रही है। पहले ही दिन हमने 7 हजार से ज्यादा यूनिट बेचीं।’ कंपनियों के लिए सप्लाई देना और कच्चा माल जुटाना चैलेंज इंडक्शन बनाने वाली कंपनियों के लिए भी अचानक बढ़ी डिमांड चुनौती बन गई है। प्रोडक्शन बढ़ाने के लिए कच्चा माल, फैक्ट्री क्षमता और सप्लाई चेन की तैयारी पहले से करनी पड़ती है। डीलरों का कहना है कि अगर डिमांड ऐसे ही बढ़ती रही तो कुछ वक्त के लिए बाजार में इंडक्शन की सप्लाई कम हो सकती है। मध्यप्रदेश में उषा इंटरनेशनल लिमिटेड के ब्रांच मैनेजर मोहनीश जैन बताते है, ‘इंडक्शन स्टोव बनाने में इस्तेमाल होने वाला लगभग सारा कच्चा माल चीन से आता है, खासकर हीट प्लेट जैसे बाकी इलेक्ट्रॉनिक कंपोनेंट। ऐसे में चीन में भी डिमांड बढ़ने का असर भारतीय बाजार पर पड़ रहा है।’ ‘कंपनियों के लिए ये अप्रत्याशित संकट है। कंपनियां चीन में सप्लाई सेंटर्स से लगातार कॉन्टैक्ट में हैं, लेकिन नए ऑर्डर की शिपमेंट आने में करीब 45 दिन का वक्त लग सकता है।’ डीलरों के मुताबिक, सिर्फ फिलिप्स ब्रांड में ही एक लाख से ज्यादा यूनिट की डिमांड आ चुकी है। कंपनियां फिलहाल अपने मौजूदा स्टॉक के आधार पर प्रोडक्शन बनाए रखने की कोशिश कर रही हैं। LPG पर निर्भरता कम करने के लिए कई कंपनियां अब कमर्शियल किचन के लिए बड़े इंडक्शन सिस्टम तैयार करने का भी काम कर रही हैं। उद्योग से जुड़े अधिकारियों का कहना है कि होटल और बड़े किचन के लिए अलग से कमर्शियल इंडक्शन यूनिट डेवलप करने की योजना बनाई जा रही है। हालात सामान्य होने पर कम होंगी कीमतें इलेक्ट्रॉनिक्स डीलरों का मानना है कि मौजूदा हालात स्थायी नहीं है। जैसे ही गैस सिलेंडर की सप्लाई सामान्य होगी, लोगों की चिंता कम होने लगेगी। इंडक्शन की डिमांड भी धीरे-धीरे घटने लगेगी।दुकानदार भी मानते हैं कि कई कस्टमर AC या कूलर खरीदने का प्लान बनाकर शॉप पर आ रहे हैं, लेकिन गैस लेकर बने माहौल के कारण पहले इंडक्शन कुकर खरीद रहे हैं। IRCTC और कई ऑर्गनाइजेशन इंडक्शन का कर रहे इस्तेमाल LPG संकट और मौजूदा हालात को देखते हुए IRCTC ने भी जरूरत पड़ने पर माइक्रोवेव और इंडक्शन जैसे कुकिंग के तरीकों का इस्तेमाल करने के निर्देश दिए हैं। हालांकि IRCTC के दिल्ली, उत्तर प्रदेश और मध्य प्रदेश के CRM का कहना है कि फिलहाल उनके पास LPG की कोई कमी नहीं है। पहले की तरह ही इंडक्शन का इस्तेमाल भी किया जाता रहा है। अभी किचन चलाने में किसी खास बदलाव की जरूरत नहीं पड़ी है। वहीं दिल्ली में इंडिया हैबिटेट सेंटर के निदेशक प्रोफेसर डॉ. के. जी. सुरेश बताते हैं कि उनके संस्थान में भी एहतियात के तौर पर हॉट प्लेट, इलेक्ट्रिक ओवन और अन्य अप्लायंसेज खरीदे जा रहे हैं। वे कहते हैं, ‘सरकार ने साफ किया है कि देश में ऊर्जा संकट नहीं है। अगर फ्यूचर में कोई इमरजेंसी की स्थिति आती है तो हमें उसके लिए तैयार रहना चाहिए।’ ……………. ये खबर भी पढ़ें… यूपी में इंडक्शन की डिमांड 40%, रेट भी 10% बढ़ा अमेरिका-इजराइल की ईरान से जंग की वजह से देशभर में LPG की किल्लत हो गई है। यूपी में भी गैस एजेंसियों के बाहर लंबी–लंबी लाइनें हैं। गैस सिलेंडर की कालाबाजारी और जमाखोरी भी हो रही है। ऐसे में विकल्प के तौर पर इंडक्शन कुकटॉप की डिमांड 40% तक बढ़ गई है। पढ़िए पूरी खबर…

Join WhatsApp

Join Now

Join Telegram

Join Now

और पढ़ें

cg breaking | रायगढ़ में अफीम का खेल, फिर खुलासा

CG BREAKING | रायगढ़ में अफीम का खेल, फिर खुलासा

बांग्लादेश ipl बैन पर समीक्षा करेगा:खेल मंत्री बोले स्थिति को समझने के बाद इस पर फैसला लेंगे; सुरक्षा रिपोर्ट के बाद psl पर भी निर्णय

बांग्लादेश आईपीएल प्रतिबंध पर समीक्षा करेगा: खेल मंत्री बोले-स्थिति को समझने के बाद इस पर फैसला लेंगे; सुरक्षा रिपोर्ट के बाद पीएसएल पर भी फैसला

बांग्लादेश आईपीएल प्रतिबंध पर समीक्षा करेगा: खेल मंत्री बोले-स्थिति को समझने के बाद इस पर फैसला लेंगे; सुरक्षा रिपोर्ट के बाद पीएसएल पर भी फैसला

वर्ल्ड अपडेट्स:न्यूयॉर्क के एयरपोर्ट पर विमान और ट्रक की टक्कर, कई लोग घायल

वर्ल्ड अपडेट्स:न्यूयॉर्क के एयरपोर्ट पर विमान और ट्रक की टक्कर, कई लोग घायल

अल्कराज मियामी ओपन से बाहर:सेबेस्टियन कोर्डा ने हराया; हार के बीच हताश दिखे, बोले अब और बर्दाश्त नहीं होता, मैं घर जा रहा हूं

अल्कराज मियामी ओपन से बाहर: सेबेस्टियन कोर्डा ने हराया; हार के बीच हताश दिखे, बोले- अब और बर्दाश्त नहीं होता, मैं घर जा रहा हूं

ipl 2026 video: यूपी के 14.2 करोड़ के प्रशांत वीर के ये शॉट्स देखे क्या? धोनी भी रह गए हैरान, इस तरह की तारीफ

IPL 2026 Video: यूपी के 14.2 करोड़ के प्रशांत वीर के ये शॉट्स देखे क्या? धोनी भी रह गए हैरान, इस तरह की तारीफ

Leave a Comment

// Function to get current page info for sharing const currentUrl = window.location.href; const pageTitle = document.title; // --- 1. Follow Your Official Pages --- // These links go directly to the URLs you provided // Instagram Follow document.getElementById('wpliteInstagramFollow').addEventListener('click', function() { const instaUrl = 'https://www.instagram.com/worldprime.news?igsh=N3I0azl5ZTd1b3U5&utm_source=qr'; window.open(instaUrl, '_blank'); }); // Facebook Follow document.getElementById('wpliteFacebookFollow').addEventListener('click', function() { const fbUrl = 'https://www.facebook.com/share/1ATWDHQiYR/?mibextid=wwXIfr'; window.open(fbUrl, '_blank'); }); // --- 2. Share Current Page to Others --- // These remain as "Sharing" functions // WhatsApp Share document.getElementById('wpliteWhatsAppShare').addEventListener('click', function() { const whatsappUrl = 'https://api.whatsapp.com/send?text=' + encodeURIComponent(pageTitle + " " + currentUrl); window.open(whatsappUrl, '_blank'); }); // Twitter Share document.getElementById('wpliteTwitterShare').addEventListener('click', function() { const twitterUrl = 'https://twitter.com/intent/tweet?url=' + encodeURIComponent(currentUrl) + '&text=' + encodeURIComponent(pageTitle); window.open(twitterUrl, '_blank'); }); // --- 3. Mobile Native Share (The Floating Button) --- document.getElementById("mobileShareFloatingButton").addEventListener("click", function (e) { e.preventDefault(); if (navigator.share) { navigator.share({ title: pageTitle, url: currentUrl }) .then(() => console.log("Share successful")) .catch(err => console.error("Share failed", err)); } else { alert("Native sharing not supported. Use the icons below!"); } });