CG Budget Session 2026: रायपुर में चल रहे छत्तीसगढ़ विधानसभा बजट सत्र 2026 के दौरान बुधवार को स्कूलों के युक्तियुक्तकरण और अतिथि शिक्षकों के नियमितीकरण के मुद्दे पर जोरदार बहस देखने को मिली। शिक्षा मंत्री गजेंद्र यादव को विपक्ष के साथ-साथ सत्ता पक्ष के विधायकों ने भी घेरा। मंत्री के जवाब से असंतुष्ट विपक्ष ने सदन से वॉकआउट कर दिया।

सत्ता पक्ष के विधायक सुनील कुमार सोनी, राजेश मूणत और रोहित साहू ने स्कूलों के युक्तियुक्तकरण को लेकर सवाल उठाए। राजेश मूणत ने आरोप लगाया कि युक्तियुक्तकरण के बाद स्कूलों की स्थिति खराब हो गई है और शिकायत के बावजूद अधिकारी जांच के लिए नहीं पहुंचे। इस पर मंत्री ने जांच कराने का आश्वासन दिया, वहीं आसंदी ने 30 मार्च तक स्कूलों की व्यवस्था सुनिश्चित करने के निर्देश दिए।

शिक्षा मंत्री ने बताया कि प्रदेश में पिछले वर्ष 10,538 शालाओं का युक्तियुक्तकरण किया गया है। इनमें से 10,372 स्कूल भवनों का उपयोग हो चुका है, जबकि 166 भवन अभी उपयोग में नहीं आए हैं। उन्होंने कहा कि खाली भवनों में स्मार्ट स्कूल और लैब विकसित किए जाएंगे।
विधायक सुनील सोनी ने जर्जर स्कूलों के नवीनीकरण का मुद्दा उठाया, जिस पर मंत्री ने आवश्यकता के अनुसार जांच कराकर कार्यवाही का भरोसा दिया। वहीं अजय चंद्राकर ने युक्तियुक्तकरण की नीति पर सवाल उठाए।

रायपुर जिले को लेकर मंत्री ने बताया कि 389 स्कूलों में से 385 का युक्तियुक्तकरण किया गया है, जबकि 4 स्कूल खाली हैं। नए सत्र से 150 नए स्कूल शुरू किए जाएंगे, जो स्वामी आत्मानंद और विवेकानंद मॉडल पर आधारित होंगे।
विपक्ष ने अतिथि शिक्षकों की भर्ती, वेतन और नियमितीकरण को लेकर सरकार पर वादाखिलाफी का आरोप लगाया। विपक्ष का कहना था कि “मोदी की गारंटी” में नियमितीकरण का वादा किया गया था, लेकिन ढाई साल बाद भी इसे पूरा नहीं किया गया। मंत्री के जवाब से असंतुष्ट विपक्ष ने सदन से वॉकआउट कर दिया।





