CG News: आयुष्मान भारत प्रधानमंत्री जन आरोग्य योजना (PMJAY) के तहत छत्तीसगढ़ में बड़ी प्रशासनिक कार्रवाई की गई है। राज्य नोडल एजेंसी ने राष्ट्रीय स्वास्थ्य प्राधिकरण (NHA) के दिशा-निर्देशों का पालन नहीं करने पर कुल 59 अस्पतालों के खिलाफ कार्रवाई की है। इनमें 33 अस्पतालों को योजना से निलंबित कर दिया गया है, जबकि 26 अस्पतालों के भुगतान और प्री-ऑथ पर रोक लगा दी गई है।
स्वास्थ्य विभाग के अनुसार, HEM 2.0 पोर्टल पर पंजीयन और आवश्यक जानकारी अपडेट नहीं करने के कारण यह कार्रवाई की गई है। कार्रवाई को तीन श्रेणियों में विभाजित किया गया है।
पहली श्रेणी में 21 ऐसे अस्पताल शामिल हैं, जिन्होंने पोर्टल पर आवेदन ही प्रस्तुत नहीं किया। इनमें रायपुर के 13, दुर्ग के 5, महासमुंद, बेमेतरा और गरियाबंद के एक-एक अस्पताल शामिल हैं। इन सभी को अगले आदेश तक निलंबित कर दिया गया है।
रायपुर के इन 13 हॉस्पिटल ने आवेदन नहीं दिया
1. जौहरी हॉस्पिटल
2. महादेव हॉस्पिटल
3. न्यू रायपुरा हॉस्पिटल
4. शिवम हॉस्पिटल
5. सौभाग्य हॉस्पिटल
6. जैन हॉस्पिटल,
7. लक्ष्मी हॉस्पिटल एंड मैटरनिटी होम
8. सिद्धि विनायक हॉस्पिटल
9. वरदान हॉस्पिटल
10. वासुदेव मल्टीस्पेशलिटी हॉस्पिटल
11. श्री राम मल्टीस्पेशलिटी हॉस्पिटल
12. मां शारदा नर्सिंग होम
13. ओम नेत्र केंद्र एंड लेजर विजन
• दुर्ग के इन 5 अस्पताल ने नहीं दिया आवेदन
1. एपी सर्जिकल सेंटर
2. आईएमआई हॉस्पिटल
3. औम हॉस्पिटल
4. साईं कृपा मल्टीस्पेशलिटी हॉस्पिटल
5. गंगोत्री हॉस्पिटल

• महासमुंद, बेमेतरा और गरियाबंद के एक-एक हॉस्पिटल से आवेदन नहीं मिला
1. सेवा भवन हॉस्पिटल (महासमुंद)
2. न्यू आयुष्मान हॉस्पिटल (बेमेतरा)
3. सोमेश्वर हॉस्पिटल (गरियाबंद)
दूसरी श्रेणी में 12 अस्पताल हैं, जिन्होंने न तो अपनी जानकारी अपडेट की और न ही पोर्टल पर उठाई गई क्वेरी का जवाब दिया। इनमें रायपुर के 8 अस्पताल सहित महासमुंद, जीपीएम, जांजगीर-चांपा और कोंडागांव के एक-एक अस्पताल शामिल हैं। इन संस्थानों को क्वेरी पूरी होने तक निलंबित किया गया है।
तीसरी श्रेणी में 26 अस्पताल ऐसे हैं, जिनके आवेदन अपूर्ण पाए गए और दोबारा आवेदन नहीं किया गया। इन अस्पतालों के भुगतान और प्री-ऑथ पर रोक लगा दी गई है।
इस कार्रवाई का सबसे ज्यादा असर रायपुर जिले में देखने को मिला, जहां कुल 44 अस्पताल विभिन्न श्रेणियों में कार्रवाई की जद में आए हैं।
राष्ट्रीय स्वास्थ्य प्राधिकरण के निर्देशानुसार सभी आयुष्मान पंजीकृत अस्पतालों को 31 दिसंबर 2025 तक HEM 2.0 पोर्टल पर जानकारी अपडेट करना अनिवार्य था। कई बार स्मरण पत्र जारी किए जाने के बावजूद नियमों का पालन नहीं किया गया।







