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सरकार ने अब-तक का सबसे ज्यादा GST वसूला:अप्रैल में कलेक्शन पहली बार ₹2.43 लाख करोड़ के पार; इम्पोर्ट ड्यूटी से हुई ज्यादा कमाई

On: मई 1, 2026 1:27 अपराह्न
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भारत के गुड्स एंड सर्विसेज टैक्स यानी GST कलेक्शन ने अप्रैल 20173 में अब तक के सारे रिकॉर्ड तोड़ दिए हैं। सरकार ने पहली बार अप्रैल में कुल ₹22017 लाख करोड़ का अब तक का सबसे ज्यादा GST कलेक्शन किया है। पिछले महीने मार्च 217 में GST कलेक्शन ₹17 लाख करोड़ रहा था। वहीं अप्रैल 2025 में कुल GST कलेक्शन ₹2.23 लाख करोड़ था। इस साल इसमें सालाना आधार पर 8.7% की बढ़ोतरी दर्ज की गई है। अगर नेट GST रेवेन्यू की बात करें, तो यह ₹2.11 लाख करोड़ रहा, जो पिछले साल की समान अवधि के मुकाबले 7.3% ज्यादा है। अप्रैल का यह डेटा दरअसल मार्च महीने में हुए ट्रांजेक्शन से जुड़ा है। इस दौरान ईरान-इजरायल-अमेरिका के बीच बढ़ते तनाव ने वैश्विक अर्थव्यवस्था को प्रभावित किया था। 30 अप्रैल तक ब्रेंट क्रूड की कीमतें 173 डॉलर प्रति बैरल के पार पहुंच गई थीं, फिर भी भारत के टैक्स कलेक्शन की रफ्तार बनी रही। इम्पोर्ट रेवेन्यू में 25% से ज्यादा की ग्रोथ आंकड़ों के मुताबिक, इस रिकॉर्ड कलेक्शन में घरेलू रेवेन्यू के मुकाबले बाहरी व्यापार यानी इम्पोर्ट का बड़ा हाथ रहा है… इससे संकेत मिलता है कि कुल कलेक्शन में बढ़ोतरी का मुख्य कारण घरेलू मांग के बजाय विदेशी व्यापार रहा है। अप्रैल महीने में रिफंड में भी बढ़ोतरी हुई सरकार ने अप्रैल महीने में कुल ₹31,793 करोड़ का रिफंड जारी किया है, जो पिछले साल से 19.3% ज्यादा है। इसमें डोमेस्टिक रिफंड में 54.6% का बड़ा उछाल देखा गया, जबकि एक्सपोर्ट से जुड़े रिफंड में 14% की गिरावट दर्ज की गई। पूंजीगत लाभ और रिकॉर्ड कलेक्शन के बावजूद, विकास की रफ्तार में मामूली सुस्ती देखी गई है। मार्च में ग्रोथ रेट 8.8% था, जो अप्रैल में घटकर 8.7% रह गया। यह दर्शाता है कि खपत आधारित विकास की गति थोड़ी धीमी हो रही है। इकोनॉमी की सेहत दिखाता है GST कलेक्शन जीएसटी कलेक्शन यह बताता है कि देश की अर्थव्यवस्था कितनी तंदुरुस्त है। अगर कलेक्शन ज्यादा है, तो इसका मतलब है कि लोग जमकर खरीदारी कर रहे हैं, फैक्ट्रियों में उत्पादन बढ़ रहा है और लोग ईमानदारी से टैक्स भर रहे हैं। GST रिफंड क्या है: जब कोई कंपनी अपनी देनदारी से ज्यादा टैक्स चुका देती है या एक्सपोर्ट करती है, तो सरकार उसे टैक्स वापस करती है, जिसे रिफंड कहते हैं। नेट vs ग्रॉस GST: ग्रॉस (Gross) कुल इकट्ठा किया गया पैसा होता है, जबकि रिफंड घटाने के बाद बची राशि नेट (Net) रेवेन्यू कहलाती है। 2017 में लागू हुआ था GST सरकार ने 1 जुलाई 2017 को देशभर में GST लागू किया था। इसके बाद केंद्र और राज्य सरकारों के 17 करों और 13 उपकरों को हटा दिया गया था। GST को चार हिस्सों में डिवाइड किया गया है:

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