Hindi Journalism: हिंदी पत्रकारिता के 200 वर्ष पूर्ण होने के अवसर पर रायपुर प्रेस क्लब द्वारा शनिवार को पत्रकारिता गौरव मार्तंड उत्सव का आयोजन किया गया। श्रीराम मंदिर के सुंदर सदन में आयोजित इस कार्यक्रम में मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय मुख्य अतिथि के रूप में शामिल हुए। कार्यक्रम के दौरान पत्रकारिता, साहित्य और समाज से जुड़े कई प्रतिष्ठित व्यक्तियों ने हिंदी पत्रकारिता की गौरवशाली यात्रा, उसके योगदान और वर्तमान चुनौतियों पर अपने विचार रखे।![]()
पत्रकारिता ने देश में आजादी की अलख जगाई – CM
मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय ने अपने संबोधन में कहा कि वर्ष 1826 में कोलकाता से प्रकाशित हुए देश के पहले हिंदी समाचार पत्र ‘उदंत मार्तंड’ ने हिंदी पत्रकारिता की मजबूत नींव रखी थी। उन्होंने कहा कि पत्रकार लोकतंत्र के सच्चे प्रहरी हैं और पत्रकारिता ने देश में स्वतंत्रता आंदोलन को जन-जन तक पहुंचाने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई।
उन्होंने कहा कि पत्रकारिता लोकतंत्र का चौथा स्तंभ है और देश की आजादी की चेतना जगाने में इसकी भूमिका ऐतिहासिक रही है। मुख्यमंत्री ने पूर्व प्रधानमंत्री अटल बिहारी वाजपेयी को याद करते हुए कहा कि उन्होंने भी पत्रकारिता के माध्यम से राष्ट्रप्रेम की भावना को मजबूत किया।
स्वतंत्रता संग्राम में पत्रकारिता की अहम भूमिका
मुख्यमंत्री साय ने कहा कि महात्मा गांधी, लोकमान्य बाल गंगाधर तिलक, माधवराव सप्रे और सुभाषचंद्र बोस सहित अनेक स्वतंत्रता सेनानियों ने पत्रकारिता को सामाजिक जागरण और राष्ट्रीय चेतना का माध्यम बनाया।
उन्होंने छत्तीसगढ़ के महान पत्रकार माधवराव सप्रे का विशेष उल्लेख करते हुए कहा कि उन्होंने ‘छत्तीसगढ़ मित्र’ का संपादन कर स्वतंत्रता आंदोलन के दौरान लोगों को जागरूक और संगठित करने में महत्वपूर्ण योगदान दिया।
नक्सलवाद के खिलाफ लड़ाई में मीडिया का योगदान सराहनीय
मुख्यमंत्री ने कहा कि बस्तर सहित प्रदेश के विभिन्न क्षेत्रों की वास्तविक तस्वीर देश और दुनिया तक पहुंचाने में मीडिया की बड़ी भूमिका रही है। उन्होंने स्वीकार किया कि छत्तीसगढ़ से नक्सलवाद के खात्मे की दिशा में मीडिया जगत का योगदान बेहद महत्वपूर्ण रहा है और इसे कभी भुलाया नहीं जा सकता। उन्होंने कहा कि राज्य सरकार की जनकल्याणकारी योजनाओं और विकास कार्यों को जनता तक पहुंचाने में भी मीडिया ने महत्वपूर्ण भूमिका निभाई है।
रायपुर प्रेस क्लब के लिए 1 करोड़ रुपए की घोषणा
कार्यक्रम के दौरान मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय ने पत्रकारों के हित में बड़ी घोषणा करते हुए रायपुर प्रेस क्लब के लिए 1 करोड़ रुपए की राशि स्वीकृत करने की घोषणा की। उन्होंने कहा कि सरकार प्रदेश के पत्रकारों की विभिन्न मांगों को लगातार पूरा करने के लिए प्रतिबद्ध है।
पत्रकारिता का मूल धर्म समाज को सही दिशा देना – OP चौधरी
कार्यक्रम को संबोधित करते हुए वित्त मंत्री ओपी चौधरी ने कहा कि हिंदी पत्रकारिता की 200 वर्षों की यात्रा गौरवशाली रही है। उन्होंने कहा कि पत्रकारिता का मूल धर्म समाज और राष्ट्र को सही दिशा प्रदान करना है। कठिन परिस्थितियों में भी पत्रकारिता ने समाज को जागरूक करने और सत्य को सामने लाने का कार्य किया है।
पत्रकारिता को तथ्य आधारित बनाए रखना जरूरी – डॉ. के.जी. सुरेश
कार्यक्रम के मुख्य वक्ता वरिष्ठ पत्रकार एवं इंडिया हैबिटेट सेंटर के डायरेक्टर डॉ. के.जी. सुरेश ने कहा कि स्वतंत्रता आंदोलन से लेकर आज तक पत्रकारिता ने राष्ट्रहित को सर्वोपरि रखा है। उन्होंने कहा कि सोशल मीडिया और नागरिक पत्रकारिता के दौर में पत्रकारिता को शोधपरक, तथ्यात्मक और साक्ष्य आधारित बनाए रखना समय की सबसे बड़ी आवश्यकता है।
विशिष्टजनों को मिला लाइफटाइम अचीवमेंट अवार्ड
इस अवसर पर मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय ने पत्रकारिता के क्षेत्र में उल्लेखनीय योगदान देने वाले वरिष्ठ पत्रकारों और विशिष्टजनों को लाइफटाइम अचीवमेंट अवार्ड प्रदान कर सम्मानित किया। साथ ही हिंदी पत्रकारिता के 200 वर्ष पूर्ण होने के उपलक्ष्य में प्रकाशित विशेषांक, रायपुर प्रेस क्लब की पत्रकार डायरेक्टरी और दिनेश यदु की पुस्तक ‘मैं अगहन हूं’ का विमोचन भी किया गया।


