रायपुर। सक्ती के वेदांता पावर प्लांट में हुए खौफनाक बॉयलर ब्लास्ट ने पूरे इलाके को हिला दिया है। अब इस मामले में बड़ा अपडेट सामने आया है, जिला प्रशासन ने दण्डाधिकारी जांच के आदेश दे दिए हैं।
कलेक्टर की शुरुआती रिपोर्ट में खुलासा हुआ है कि हादसा बॉयलर यूनिट-1 में तकनीकी खराबी की वजह से हुआ। स्टीम पाइप से जुड़े वाटर सप्लाई पाइप के ज्वाइंट में गड़बड़ी आई और देखते ही देखते ब्लास्ट हो गया।

इस हादसे में कुल 34 मजदूर इसकी चपेट में आए, जिनमें से 12 की मौत हो चुकी है, जबकि बाकी घायल मजदूरों का इलाज रायगढ़ के अलग-अलग अस्पतालों में चल रहा है।
अब SDM डभरा को जांच की जिम्मेदारी दी गई है, जो 30 दिनों के अंदर पूरी रिपोर्ट सौंपेंगे। जांच में ये साफ होगा कि आखिर चूक कहां हुई और जिम्मेदार कौन है।
कांग्रेस ने भी गठित की जांच समिति
वेदांता पावर प्लांट हादसे को लेकर छत्तीसगढ़ प्रदेश कांग्रेस कमेटी ने भी जांच समिति का गठन किया है। अध्यक्ष दीपक बैज के निर्देश पर पूर्व मंत्री जयसिंह अग्रवाल के नेतृत्व में गठित जांच समिति में 9 लोगों को शामिल किया गया है। यह समिति पीड़ित परिवारों से मिलकर स्थिति का जायजा लेगी।

जांच समिति में पूर्व मंत्री जयसिंह अग्रवाल के अलावा पूर्व मंत्री नोबेल वर्मा, चंद्रपुर विधायक रामकुमार यादव, कोटा विधायक अटल श्रीवास्तव, जैजेपुर विधायक बालेश्वर साहू, अकलतरा विधायक राघवेंद्र सिंह, जांजगीर-चांपा विधायक व्यास कश्यप, पामगढ़ विधायक शेषराज हरवंश, सक्ती जिला अध्यक्ष रश्मि गवेल और जांजगीर-चांपा जिला अध्यक्ष राजेश अग्रवाल शामिल हैं।