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लश्कर के को-फाउंडर आमिर हमजा पर फायरिंग:अस्पताल में भर्ती, लाहौर में न्यूज चैनल के ऑफिस के बाहर हमला; पिछले साल भी अटैक हुआ था

On: अप्रैल 16, 2026 1:36 अपराह्न
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पाकिस्तान के लाहौर में आतंकी संगठन लश्कर-ए-तैयबा (LeT) के संस्थापक सदस्य आमिर हमजा पर अज्ञात हमलावरों ने गोली चला दी। हमले के बाद उन्हें अस्पताल में भर्ती कराया गया है, जहां उनकी हालत गंभीर बताई जा रही है। मीडिया रिपोर्ट्स के मुताबिक, हमलावरों ने लाहौर में एक न्यूज चैनल के दफ्तर के बाहर उन पर फायरिंग की। हमला किसने और क्यों किया, यह अभी साफ नहीं हो पाया है। यह एक साल से भी कम समय में दूसरा मौका है, जब हमजा पर हमला हुआ है। इससे पहले पिछले साल मई में भी उनके घर के बाहर अज्ञात लोगों ने उन्हें गोली मारी थी। पिछले हमले के बाद उन्हें अस्पताल ले जाया गया था। इसके बाद पाकिस्तानी अधिकारियों ने उनकी सुरक्षा बढ़ा दी थी, हालांकि उस घटना पर कोई आधिकारिक बयान सामने नहीं आया था। लश्कर की पत्रिकाओं का संपादक था आतंकी आमिर हमजा 1987 में लश्कर-ए-तैयबा की स्थापना में शामिल 17 लोगों में से एक है। वह आतंकी गतिविधियों, प्रचार, फंड जुटाने और लश्कर-ए-तैयबा से जुड़े कई अखबारों और पत्रिकाओं का संपादन करता था। वह लश्कर की सेंट्रल एडवाइजरी कमेटी का सदस्य भी रहा है और अन्य आतंकी समूहों के साथ संबंध स्थापित करने में एक्टिव रहा है। हमजा ने हाफिज सईद के नेतृत्व में लश्कर-ए-तैयबा को दूसरे आतंकी समूहों से जोड़ने का काम किया। वह लश्कर से जुड़े एक चैरिटी संगठन का नेतृत्व करता था और लश्कर के यूनिवर्सिटी ट्रस्ट के बोर्ड में शामिल था, जिसे पहले हाफिज सईद संभालता था। हमजा ने सोवियत के खिलाफ जंग लड़ी थी हमजा ने 1980 के दशक में अफगानिस्तान में सोवियत संघ के खिलाफ युद्ध में हिस्सा लिया था। इसके बाद वह हाफिज सईद और अन्य आतंकियों के साथ जुड़ गया। वह हाफिज सईद और अब्दुल रहमान मक्की का करीबी है। अमेरिका ने साल 2012 में हमजा को वैश्विक आतंकी घोषित किया था। हमजा को भारत के खिलाफ कई आतंकी हमलों से जोड़ा गया है। उसे जम्मू के सुंजवां में सेना के ब्रिगेड मुख्यालय पर हुए आतंकी हमले का मास्टरमाइंड बताया जाता है। 8 साल पहले संगठन से अलग हुआ था कुछ रिपोर्ट्स के मुताबिक साल 2018 में फंड की कमी की समस्या की वजह से लश्कर-ए-तैयबा में फूट पड़ गई थी। इसके बाद आमिर हमजा ने खुद को संगठन से अलग कर लिया था। उसने अपना नया संगठन बनाया था। इसका नाम जैश-ए-मनक्फा रखा गया था। —————————————— पाकिस्तान से जुड़ी यह खबर भी पढ़ें… पाकिस्तान में गाय-भैंस पालने पर गोबर टैक्स लगाने की तैयारी:हर पशु पर रोजाना 30 रुपए वसूलेगी सरकार, विपक्ष बोला- यह रेवेन्यू जुटाने का तरीका पाकिस्तान के पंजाब राज्य में गाय और भैंस पालने पर अब ‘टैक्स’ लगाने की तैयारी हो रही है। पाकिस्तानी अखबार डेली टाइम्स की रिपोर्ट के मुताबिक मरियम नवाज की सरकार हर गाय और भैंस पर रोजाना 30 पाकिस्तानी रुपए फीस देने का नियम बना सकती है। पूरी खबर यहां पढ़ें…

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